बस्ती। संजय सिंह पुत्र स्व0 जगदीश सिंह सा0 पिपरा गौतम थाना नगर जनपद बस्ती प्रबंधक परमहंस बाबा राम किंकर दास पू0 मा0 बालिका विद्यालय पिपरा गौतम जनपद बस्ती की ओर से उर्मिला सिंह सहायक अध्यापिका परमहंस बाबा राम किंकर दास पू0 मा0 विद्यालय पिपरा गौतम के खिलाफ कूटरचित दस्तावेजो के आधार पर नियुक्ति प्राप्त करना एवं अन्य कई संस्थानों से जांच कराने पर कूटरचित हस्ताक्षर व अन्य अभिलेख पाए जाने के बाद मुकदमा दर्ज कराया गया। एक महिला टीचर अगर फर्जीवाड़ें के आरोप में जेल जाती है, तो गलती महिला की नहीं बल्कि उसके परिवार की मानी जाएगी, क्यों कि बिना परिवार की सहमति और सहयोग के कोई भी महिला कूटरचित दस्तावेज तैयार नहीं कर सकती। वैसे तो नियुक्ति के मामले में इस तरह के फर्जीवाड़ा आते ही रहते हैं, लेकिन किसी महिला के फर्जीवाड़े का मामला बहुत कम सामने आता है। विधालय प्रबंधन को इस तरह के मामलों में बहुत मेहनत करनी पड़ती हैं, कूटरचित दस्तावेजों को गलत साबित बहुत ही कठिन होता है। प्रबंध तंत्र पर इसके लिए काफी दबाव रहता है, चूंकि मामला स्थानीय और महिला के मान-सम्मान से जुड़ा होता है, इस लिए एफआईआर लिखाने से पहले बहुत छानबीन करनी पड़ती है।