गौरव शर्मा l 

 ग्रेटर नोएडा l बाल विकास परियोजना कार्यालय, दनकौर में महिला एवं बाल विकास विभाग तथा CRY NGO के संयुक्त तत्वावधान में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं हेतु एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम महिला एवं बाल विकास अधिकारी संध्या सोनी के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को उनके कार्यों एवं सेवाओं को अधिक प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण एवं परिणामोन्मुखी बनाने हेतु आवश्यक जानकारी एवं मार्गदर्शन प्रदान करना रहा। कार्यक्रम के दौरान आंगनवाड़ी सेवाओं की भूमिका एवं दायित्वों पर विस्तार से चर्चा की गई।
प्रशिक्षण में कुपोषण की समस्या पर विशेष रूप से जोर दिया गया। इसके अंतर्गत कुपोषण के कारणों, दुष्परिणामों एवं रोकथाम के उपायों की जानकारी दी गई। साथ ही पोषण 2.0 योजना के अंतर्गत गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं एवं 0 से 6 वर्ष तक के बच्चों को प्रदान की जाने वाली पोषण सेवाओं की विस्तृत जानकारी साझा की गई।
इस अवसर पर पोषण ट्रैकर एप्लीकेशन के माध्यम से लाभार्थियों का डिजिटल रिकॉर्ड संधारण, बच्चों एवं महिलाओं की पोषण स्थिति की निगरानी तथा सेवाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के विषय में प्रशिक्षण दिया गया। आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को पोषण ट्रैकर के नियमित एवं सही उपयोग के महत्व से अवगत कराया गया। कार्यक्रम के दौरान सक्षम आंगनवाड़ी एवं पोषण 2.0 योजना के अंतर्गत आंगनवाड़ी केंद्रों को सुदृढ़ करने, आधारभूत सुविधाओं में सुधार तथा सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने पर भी चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त, बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति पर भी प्रकाश डाला गया। प्रतिभागियों को इसके दुष्परिणामों की जानकारी देते हुए समुदाय स्तर पर जागरूकता फैलाकर बाल विवाह की रोकथाम में सक्रिय भूमिका निभाने हेतु प्रेरित किया गया। साथ ही बच्चों की सुरक्षा एवं सहायता के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 के महत्व की जानकारी दी गई और आवश्यकता पड़ने पर इसके उपयोग हेतु प्रेरित किया गया।CRY NGO के प्रतिनिधियों द्वारा व्यवहारिक उदाहरणों के माध्यम से प्रशिक्षण प्रदान किया गया तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की जिज्ञासाओं का समाधान किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे प्रशिक्षण में प्राप्त जानकारी को अपने कार्यक्षेत्र में प्रभावी रूप से लागू करें। कार्यक्रम के समापन अवसर पर महिला एवं बाल विकास अधिकारी संध्या सोनी ने सभी आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे पोषण ट्रैकर का नियमित उपयोग सुनिश्चित करें, कुपोषण की रोकथाम हेतु समुदाय में जागरूकता फैलाएं, बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराइयों को रोकने में सक्रिय भूमिका निभाएं तथा आवश्यकता पड़ने पर बच्चों की सहायता के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 का उपयोग करें। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता उपस्थित रहीं, जिन्होंने कार्यक्रम को अत्यंत उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक बताया।