बस्ती। अगर पूर्व सांसद हरीश द्विवेदी एवं भाजपा नेता ई. अरविन्द पाल, सरदार कुलवेंद्र सिंह के घर जाकर सम्मानित करते है, तो सरदार कुलवेंद्र सिंह के लिए यह सम्मान यादगार रहेगा, क्यों कि इसी तरह का सम्मान हर कोई पाना चाहता है। बुलाकर और समारोह में सम्मानित करना अलग बात हैं, और अगर कोई घर पर आकर सम्मानित करता है, तो वह दूसरी बात है। यह पूर्व सांसद हरीश द्विवेदी और भाजपा नेता ई. अरविंदपाल का बड़कप्पन हैं, कि दोनों ने घर जाकर सम्मानित किया। कुलवेंद्र सिंह ने दोनों को इस सम्मान के लिए धन्यवाद देते हुए कहा कि यह सम्मान हमेषा याद रहेगा। अरविंदपाल ने बताया कि अपनी यात्रा के दौरान श्री हरिमंदिर साहिब (स्वर्ण मंदिर), अमृतसर से लाई गई सिख धर्म के पाँच ककारों में से एक कृपाण साहिब बस्ती के प्रथम सिख, जिन्होंने नाथुला दर्रा मार्ग से कैलाश पर्वत यात्रा की है, सरदार कुलवेन्द्र सिंह को बादशाही अखाड़ा पहुँचकर सम्मानपूर्वक भेंट किया गया। इस अवसर पर सरदार कुलवेन्द्र सिंह ने कहा कि कृपाण सिखों के पाँच ककारों में से एक है, जिसे दशम गुरु श्री गुरु गोबिंद सिंह जी महाराज ने धारण करने का आदेश दिया है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक अमृतधारी सिख को पाँच ककारकृकेश, कंघा, कड़ा, कच्छा और कृपाणकृधारण करने चाहिए। यह सिख धर्म की आस्था, मर्यादा एवं पहचान का प्रतीक है। इस अवसर पर विधामणि सिंह, सुरेन्द्र चौधरी, केसरी नारायण त्रिपाठी, लाडले हैदर रिजवी, सौरभ यादव, ईश्वर चन्द्र, बबीता पासवान, प्रताप शाही, सुभावती देवी, बल्लू एवं छोटू सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।