बस्ती। लालंगज थाने के एसओ साहब जरा अस्पताल में जाकर उस बुजुर्ग महिला का टूटा हुआ पैर भी देख लीजिए, जिसका इलाज चल रहा है, एसओ साहब अगर आप 80-90 साल की बुजुर्ग की पीड़ा को नहीं सुनेगें तो क्या वे लोग सुनेगें, जिन्होंने बुजुर्ग को मार-मारकर अधमरा कर दिया, एसओ साहब वैसे आप लोग न जाने कितने अपराधियों की सुनते होगें, एक बार महिला के परिवार की भी सुन लीजिए, यकीन मानिए, परिवार आपकी तरक्की का आर्षीवाद देगा। इसका एफआईआर लिख दीजिए। मामला लालगंज थाने के ग्राम खोरिया का है। सीता देवी पत्नी सूर्यलाल की ओर से एसओ लालगंज को दी गई तहरीर में कहा गया है, कि 28 अगस्त 26 को गांव के प्रमोद पुत्र भुआल चंद्र और मेरे पुत्र अर्जुन से कुछ कहासुनी हुई थी, लेकिन लोगों के हस्तक्षेप से मामला षांत हो गया। उसी रंजिश को लेकर उसी दिन सांय साढ़े चार बजे के करीब विनोद एवं प्रमोद पुत्रगण भुआल चंद्र दिनेश पुत्र सुभाषचंद्र, संतोष पुत्र नेबूलाल, अनुज पुत्र प्रमोद, आशु पुत्र प्रमोद, राज व अंकुर पुत्रगण संतोष निवासी खोरिया एक राय होकर लाडी, डंडा, सरिया से लैस होकर घर पर चढ़ आए, और घर का दरवाजा तोड़कर लड़के अर्जुन की हत्या करने की नीयत से मारने लगे, बीच बचाव करने आई माता लाली देवी पत्नी लालमन एवं पुत्री ज्योति को भी मारने लगे, मौके पर अफरातफरी मच गई, 112 और 108 को सूचना दी गई, घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया, लाला का बायां टूट गया, जो जिला अस्पताल में भर्ती है। डाक्टर बिना एफआईआर के मेडिकल तक नहीं कर रहे है। डर के मारे परिवार घर नहीं जा रहा है। परिवार ने एफआईआर दर्ज करने और सभी घायलों का तत्काल चिकित्सीय परीक्षण कराने की मांग की है।